कोरोना में खुद को एकेडमी में कैद कर प्रैक्टिस की: एयरगन में गोल्ड जीतने पर कोच बोले- शाबाश संदीप विश्नोई



जोधपुर21 मिनट पहले

जोधपुर के संदीप विश्नोई ने एशियन एयरगन चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीता है। यह चैंपियनशिप हाल ही में दक्षिण कोरिया में सम्पन्न हुई है। 15वीं एशियन एयरगन शूटिंग चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीतकर जोधपुर के संदीप ने देश और राजस्थान का मान बढ़ाया है।

संदीप ने पुरूष जूनियर की 10 मीटर एयर राइफल में गोल्ड मेडल जीता है। 10 मीटर एयर राइफल के टीम इवेंट में भी संदीप ने गोल्ड मेडल हासिल किया। इस चैंपियनशिप में संदीप ने अंडर 18 यूथ कैटेगरी में पार्टिसिपेट किया था।

एकेडमी में खुद को लॉक कर प्रैक्टिस

संदीप ने दैनिक भास्कर को बताया कि कोरोना काल में जब सब कुछ बंद तब प्रैक्टिस करने में दिक्कत आ रही थी। एकेडमी भी बंद थी। तब मैं कोच से एकेडमी की चाबी लेकर जाता था। वहां खुद को अंदर लॉक कर घंटों प्रैक्टिस किया करता था।

संदीप ने शूटिंग सीखने के लिए रोजाना 5 से 6 घंटे तक प्रैक्टिस की। लौटने के बाद अपने कोच व साथी टीम के साथ संदीप (सबसे दायें)

9 नवम्बर से 19 नवम्बर तक हुई इस चैंपियनशिप में 36 देशों के खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया था। इंडिया से 18 खिलाड़ी इस शूटिंग चैंपियनशिप में गए थे। क्वालिफिकेशन राउंड में संदीप में 600 में से 569 का स्कोर किया।

स्पोर्ट्स में ही जाना चाहता था

इसमें फाइनल में उतरे टाॅप 8 शूटर्स को पछाड़ते हुए पदक जीता। जोधपुर शहर के दक्षिण जोन सरस्वती नगर के रहने वाले 17 साल के संदीप अभी 12वीं कक्षा में पढ़ाई कर रहे हैं। उनके परिवार में बड़ा भाई अभिषेक और बहन वीणा विश्नोई सिविल इंजीनियरिंग की तैयारी कर रहे हैं। खुद संदीप शुरू से ही स्पोर्ट्स में जाना चाहते थे। ऐसे में घरवालों ने भी उसकी इच्छा को देखते हुए पूरी फ्रीडम दी।

संदीप ने बताया कि भाई बहन सिविल इंजीनियरिंग की तैयारी कर रहे थे। मैं शुरू से ही स्पोर्ट्स में जाना चाहता था। ऐसे में घरवालों ने भी मेरी इच्छा को देखते हुए पूरी फ्रीडम दी। मेडल के साथ संदीप।

संदीप ने बताया कि भाई बहन सिविल इंजीनियरिंग की तैयारी कर रहे थे। मैं शुरू से ही स्पोर्ट्स में जाना चाहता था। ऐसे में घरवालों ने भी मेरी इच्छा को देखते हुए पूरी फ्रीडम दी। मेडल के साथ संदीप।

मां लेकर गई एकेडमी
संदीप के पिता रमेश विश्नोई यातायात सलाहाकार हैं। मां पार्वती देवी ने बताया कि साल 2018 में बेटे की जिद पर वे खुद ही उसे एकेडमी लेकर आईं। यहां कोच ने संदीप की प्रतिभा को पहचानते हुए उसी दिन कह दिया था कि यह बहुत आगे तक जाएगा।

इसके बाद हमने भी उसे पूरी तरह से कोच को ही सौंप दिया। अब इसे निखारने की जिम्मेदारी आपकी है। संदीप जब मेडल जीतकर एकेडमी लौटा तो साथियों ने डीजे के गानों के साथ नाचकर और माला पहनाकर स्वागत किया।

संदीप के पिता रमेश विश्नोई ने बताया कि उनके पास इस खुशी को व्यक्त करने के लिए शब्द नहीं हैं। उनके बेटे ने जो सोचा था वो कर दिखाया। इस जगह तक पहुंचने के लिए उसने कोरोना के समय भी संघर्ष किया। एकेडमी बंद रहती थी तो खुद कोच से चाबी लेकर रेंज में प्रैक्टिस करने पहुंच जाता था। नतीजा आज आपके सामने है।

अपने कोच महिपाल सिंह राठौड़ के साथ संदीप विश्नोई।

अपने कोच महिपाल सिंह राठौड़ के साथ संदीप विश्नोई।

कोच ने काफी मेहनत की

संदीप ने बताया कि उनके कोच ने उन पर शुरू से ही काफी मेहनत की। जिस वजह से यहां तक पहुंच पाया। इसके अलावा टेक्निकल सपोर्ट के लिए पाली के महिपाल सिंह राठौड़ ने भी भरपूर सहयोग किया। इस फील्ड में सफल होने के लिए आत्मविश्वास के साथ ही धैर्य की जरूरत होती है। एकाग्रता बनाए रखने के लिए मेडिटेशन का भी सहारा लिया।

संदीप के कोच सनसिटी स्पोर्टस शूटिंग एकेडमी के सतपाल सिंह राठौड़ ने बताया कि इसने 2018 में एकेडमी जॉइन की। यह शुरू से ही काफी मेहनती रहा। शूटिंग सीखने के लिए इसमें जबरदस्त डेडिकेशन काफी था। परिवार के लोगों ने इसकी सारी जिम्मेदारी मेरे ऊपर ही छोड़ दी थी।

यह दिन में 5 से 6 घंटे रैंज में प्रेक्टिस करता था। कई बार रात में दस बजे तक भी लगातार प्रैक्टिस करता था। 11वीं में साइंस मैथमेटिक थी, लेकिन पढ़ाई में समय नहीं दे पाता था। ऐसे में उसे कोच ने आर्ट्स दिलाई। वहीं स्कूल की पढ़ाई खराब नहीं हो इसके लिए प्रिंसिपल से बात करने के बाद वीक में दो ही दिन स्कूल जा पाता था।

ये पदक किए हासिल

  • 64वीं नेशनल शूटिंग चैम्पियनशिप 2021 में यूथ कैटेगरी टीम इवेंट में गोल्ड मेडल
  • नेशनल गेम्स 2022 अहमदाबाद में क्वालिफिकेशन राउंड में सैकेंड पाॅजिशन, नेशनल गेम्स शूटिंग में 600 अंक का मैच था
  • उसमें क्वालिफिकेशन राउंड में 582 अंक प्राप्त किए
  • 20वीं राजस्थान स्टेट शूटिंग चैम्पियनशिप में दो गोल्ड और एक सिल्वर मेडल जीता
  • 2018 और 2019 का नेशनल चैंपियनशिप में हिस्सा लिया।
संदीप का मेडल जीतकर जोधपुर लौटने पर ढोल नगाड़ों के साथ स्वागत किया गया। तस्वीर में संदीप की मां और बहन।

संदीप का मेडल जीतकर जोधपुर लौटने पर ढोल नगाड़ों के साथ स्वागत किया गया। तस्वीर में संदीप की मां और बहन।

यह भी पढ़ें

सीनियर्स को शराब के लिए रुपए नहीं दिए, हमला:जयपुर के सुबोध कॉलेज कैंटीन में चाकूबाजी, कुर्सियों-डंडों से पीटा; बाहर से बुलाए बदमाश

जयपुर के सुबोध कॉलेज में सीनियर्स छात्रों ने जूनियर्स के साथ जमकर मारपीट की। आरोप है कि जूनियर छात्रों ने शराब के लिए पैसे नहीं दिए तो कॉलेज कैंटीन में उन्हें पीटा गया। बाहर से बुलाए बदमाशों ने चाकू और कुर्सियों-डंडों से हमला किया। घटना शनिवार दोपहर की है। गांधी नगर थाना पुलिस ने नामजद एफआईआर दर्ज की है, लेकिन अब तक कोई भी गिरफ्तारी नहीं हुई है। (पूरी खबर पढ़ें)

खबरें और भी हैं…



Source link


Like it? Share with your friends!

What's Your Reaction?

hate hate
0
hate
confused confused
0
confused
fail fail
0
fail
fun fun
0
fun
geeky geeky
0
geeky
love love
0
love
lol lol
0
lol
omg omg
0
omg
win win
0
win
khabarplus

0 Comments

Your email address will not be published.